तेज आवाज वाली बुलेट अब पुलिस के रडार पर ! लग सकता है तगड़ा जुर्माना.....

The use of modified and loud-sounding silencers in Royal Enfield bikes is growing rapidly. Most of the youth are using silencers in their bikes, which are causing noise pollution. Police are now eyeing such bikers.

तेज आवाज वाली बुलेट अब पुलिस के रडार पर ! लग सकता है तगड़ा जुर्माना.....
रिपोर्ट। दीपक कोल्हे, दुर्गेश नरोटे, CTN भारत, छिंदवाड़ा 

तेज आवाज वाली बुलेट अब पुलिस के रडार पर ! लग सकता है तगड़ा जुर्माना

Royal Enfield की बाइक्स में मॉडिफाइड और तेज आवाज करने वाले साइलेंसर का प्रयोग तेजी से बढ़ रहा है। ज्यादातर युवा अपनी बाइक्स में ऐसे साइलेंसर का प्रयोग कर रहे हैं, जो कि ध्वनि प्रदूषण का कारण बन रहे हैं। ऐसे बाइकर्स पर अब पुलिस की नजरें गढ़ी हुई हैं।

छिंदवाड़ा। बुलेट में एक्सट्रा आवाज करने वाले साइलेंसर का प्रयोग करने वाले बाइकर्स की मुश्किलें अब बढ़ सकती है। पुलिस प्रशासन ऐसे बाइकर्स को रोक कर उनका तगड़ा चालान काट रही है। ताजा मामला छिंदवाड़ा से सामने आया है, जहं पर ट्रैफिक पुलिस ने तेज आवाज करने वाले मॉडिफाइड बाइकर्स को रोक कर न केवल उनका चालान काटा बल्कि मैकेनिक को बुलवाकर उनके बाइक्स से साइलेंसर को भी निकलवा दिया। 

"क्या कहता है कानून: केंद्रीय मोटर वाहन अधिनियम की धारा 190 के अनुसार कोई भी व्यक्ति जो किसी भी सार्वजनिक स्थान पर मोटर वाहन चलाते वक्त सड़क सुरक्षा, ध्वनि और वायु प्रदूषण के नियंत्रण के संबंध में निर्धारित मानकों का उल्लंघन करता है तो वो अपराध की श्रेणी में आता है। ऐसे व्यक्ति पर पहली बार 1,000 रुपये का जुर्माना और दूसरी बार ऐसा ही करने पर 2,000 रुपये की राशि जुर्माने के तौर पर देना होगा। इसके अलावा दूसरी बार पकड़े जाने पर उसे अन्य दंड भी भोगने पड़ सकते हैं। ऑटोमोटिव मानदंडों के अनुसार, वाहनों के चलने के कारण निकलने वाली आवाज अधिकतम 80 डेसिबल तक होनी चाहिएं। वाहन निर्माता कंपनियां इस मानक के अनुसार ही अपने वाहनों का निर्माण करती है। लेकिन मॉडिफाईड वाहन से निकलने वाली आवाज का स्तर 100 डेसीबल और उससे अधिक भी होता है जो कि गलत है। फिलहाल ये मामला देश के कुछ शहरो में देखने को मिला है। लेकिन जिस तरह से Royal Enfield की बाइक्स में मॉडिफाइड एग्जॉस्ट यानी की साइलेंसर का प्रयोग बढ़ रहा है। उस हिसाब से देश के अन्य राज्यों में भी जल्द ही पुलिस सक्रिय हो सकती है। इसलिए आप भी ऐसे एग्जॉस्ट के प्रयोग से बचें।"

वाहन खड़े कराकर तत्काल निकाले साइलेंलसर, यातायात पुलिस एव परिवहन विभाग ने की सयुक्त कार्यवाही

दरअसल छिंदवाड़ा में सड़क सुरक्षा माह के तहत चल रहे अभियान के अंर्तगत यातायात पुलिस और परिवहन विभाग ने अन्य जागरूकता अभियान के साथ वाहनों की चेकिंग भी की। इस दौरान मुख्य रूप से बुलेट वाहन में तेज आवाज वाला साइलेंसर लगाकर चल रहे वाहन चालकों के वाहन यातायात थाने में खड़े कराकर तत्काल उनके साइलेंसर निकाले गए।  सड़क सुरक्षा माह के तहत पूरे माह यातायात पुलिस और परिवहन विभाग मिलकर यातायात जागरूकता अभियान चलाएंगे। इसके साथ ही वाहनों की जांच, प्रदूषण की जांच और नियम उल्लंघन पर भी कार्रवाई जारी रहेगी। इसी क्रम में यातायात डीएसपी सुदेश कुमार सिंग एवं आरटीओ अधिकारी सुनील कुमार शुक्ला के नेतृत्व में पुलिस व परिवहन के अमले ने  बुलेट वाहनों में लगाए जा रहे तेज आवाज वाले साइलेंसर के खिलाफ कार्रवाई की। जांच के दौरान ध्वनि प्रदुषण फैलाते लगभग 25 बुलेट वाहन पकड़े गए, जिसमें तेज आवाज साइलेंसर लगे पाए गए थे, इन बुलेट वाहनों के साइलेंसर पुलिस ने तत्काल निकाले। वही ध्वनि प्रदुषण के लिए बुलेट चालको पर 25 हजार का जुर्माना किया गया है। इसके अलावा अन्य दो पहिया वाहन चालकों को भी समझाईश दी गई है। इस पूरी कार्यवाही के दौरान यातायात डीएसपी सुदेश सिंह सहित परिवहन विभाग का अमला एव पुलिस बल मौजूद रहा ।